कारोबारी साल गुजरने पर एक्सेल शीट खोल कर बीते सालों का हिसाब देखना भी एक अलग ही अनुभव है। यह ऐसा मौका होता है जब रोजमर्रा के उतार-चढ़ाव से अलग हट कर आप गुजरे समय में झांक सकते हैं, आने वाले दिनों के बारे में जोड़-घटाव कर सकते हैं। हालांकि हम ... और पढ़ें...
|
बीते एक हफ्ते ने बाजार की हताशा तोड़ी है। निवेशक और कारोबारी फिर से ऊपरी स्तरों की बातें करने लगे हैं। हफ्ते भर पहले तक लोग बस यही पूछते थे कि और कितना नीचे फिसलेगा। अब लोग वापस ऊपर के लक्ष्यों पर नजर डाल रहे हैं। हालांकि बीते एक हफ्ते के दौरान बाजार को ... और पढ़ें...
|
अगर सेंसेक्स एक व्यक्ति होता तो इस समय कहा जा सकता था कि वह बाजार के दो बुनियादी भावों डर और लालच के बीच झूल रहा है। इसे ऊंचाई से डर लग रहा है और नीचे नहीं जाने का लालच उसके मन में आ चुका है। कुछ ही दिनों पहले तक दोनों बुनियादी भाव वही थे, लेकिन हालत ... और पढ़ें...
|
टाटा समूह ने भारत को गर्व का एक और क्षण दे दिया है। टाटा ने कोरस के अधिग्रहण के बाद बड़े सफल ढंग से उसे अपने कारोबार में शामिल किया और अपने बही-खातों पर इस अधिग्रहण का सकारात्मक असर बाजार की उम्मीदों से काफी पहले दिखा दिया। यह बात उम्मीद जगाती है कि शायद ... और पढ़ें...
|
भारती एयरटेल ने इस साल 22 जनवरी को 700 रुपये का निचला स्तर बनाया था, और तब से कुछ खास नहीं संभला है। पिछले एक महीने में इसकी चाल देखें तो यह 5.88% नीचे फिसला है। रिलायंस कम्युनिकेशंस की कहानी ज्यादा अलग नहीं है। हालांकि इसका 389 रुपये का 52 हफ्ते का निचला ... और पढ़ें...
|
फेडरल रिजर्व ने अपनी ब्याज दर में 0.75% अंक की कटौती करके एक नयी बहस छेड़ दी है। एक नजरिया यह कहता है कि इस आक्रामक कदम के जरिये फेडरल रिजर्व ने मंदी का सामना करने में कोई कसर बाकी नहीं छोड़ने का संकेत दे दिया है। दूसरा नजरिया यह कह रहा है कि फेडरल रिजर्व ... और पढ़ें...
|
कोई आसमान से गिर कर जमीन पर आ सकता है। लेकिन धरती से गिरने वाला कहां जायेगा ? फिलहाल सेंसेक्स के लिए 14,000 के आसपास का स्तर धरती जैसा ही सहारा बन सकता है। शेयर बाजार में असंभव जैसा कुछ नहीं होता, लेकिन इस स्तर से एक बड़ा भरोसा जोड़ने के पीछे ठोस वजहें ... और पढ़ें...
|
बीते हफ्ते सेंसेक्स ने जनवरी का निचला स्तर तोड़ा। गुरुवार 13 मार्च को इसने 15,229 की नयी तलहटी बनायी। अगले दिन शुक्रवार को इसने 404 अंक की बढ़त जरूर दिखायी, लेकिन उस दिन का निचला स्तर भी 15,331 था, 22 जनवरी के निचले स्तर 15,332 से 1 अंक नीचे। सेंसेक्स की ... और पढ़ें...
|
जब सेंसेक्स 18,000 के नीचे फिसला, तो बाजार में काफी लोगों की राय बनी कि अब मूल्यांकन आकर्षक हो चले हैं। जाहिर है कि 16,000 और 17,000 के स्तरों पर उन्हें वही शेयर और आकर्षक लगने चाहिए। अगर कोई चीज 100 रुपये में सस्ती लगे, तो 95 रुपये में और सस्ती लगनी ... और पढ़ें...
|
केवल 5.3% बढ़त औद्योगिक उत्पादन में, बाजार के दुलारे-सितारे कैपिटल गुड्स क्षेत्र के बढ़ने की रफ्तार केवल 2.1% पर, और कंज्यूमर ड्यूरेबल क्षेत्र में बढ़त छोड़ उल्टे 3.1% की गिरावट। क्या भारत के विकास की यही नयी तस्वीर है? जनवरी 2008 के जो ताजा आंकड़े आये ... और पढ़ें...
|